एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा का जन्म उत्तरप्रदेश के देवरिया जिला के बनकटा विकास खंड के भोपातपुरा गाँव मे जन्म हुआ, वो 6 दिसम्बर 1986 मे भारतीय वायु सेना मे पायलट ऑफिसर के के रूप मे कमिशन लिए थे | भारतीय वायु सेना के टॉप के पायलट मे नाम सुमार करने वाले जितेंद्र मिश्रा 30 अप्रैल 2026 को वेस्टर्न एयर कमांड के एयर ऑफिसर कमानडिंग इन चीफ के तौर पर हुआ |
अयोध्या: भारतीय वायु सेना के होनहार अफ़सर एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा
(रिटायर्ड) गुरुवार को महार्षि बाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर आगमन हुआ,
आगमन पर राम मंदिर ट्रस्ट के कार्यकर्ताओं का हुजूम उमड़ पड़ा और उनका भव्य
स्वागत हुआ ।
इसी साल राम मंदिर में घोटाले को लेकर श्रद्धालुओं के बीच ज़्यादा आक्रोश देखा
गया था इसी बीच सरकार ने एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा (रिटायर्ड) को नया राम
मदिर का CEO बनाया गया है वही राम मंदिर ट्रस्ट में और तीन पद्दो का चयन किया
जिसमे महेश भाग चंदका, मदन मोहन पांडे तथा डॉ निर्मला यादव शामिल है । ट्रस्ट
के CEO के साथ ये तीनो लोग राम मंदिर ट्रस्ट के महा सचिव स्वामी गोविन्द गिरी
महाराज की रिपोर्ट करेंगे
मंदिर के CEO का मनभावुक बयान
अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा महर्षि वाल्मिकी पर आगमन के बाद जितेन्द्र मिश्रा ने
मीडिया से बात करते हुए बताया की - पहले तो मैं इस चयन समिति का हार्दिक रूप से
धन्यवाद करना चाहूँगा, और मैं अपना सौभाग्य मानता हू की उन्होंने इतने सब
कैंडिडेट में से मेरा चयन किया, इसे मैं श्री राम का आशीर्वाद भी मानूँगा की 39
साल राष्ट्रीय सेवा के बाद प्रभु श्री राम ने मुझे एक और अवसर प्रदान किया है
जहाँ पर मैं श्री राम मंदिर और श्री राम भक्तों का सेवा कर पाऊँगा ।
और मैं भगवान श्री राम से प्रार्थना करूँगा की वो मुझे सामर्थ दे की इस कार्य
को मैं अच्छी तरह भली भाँति रूप से कर पाऊँगा।
पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा क्यो है ख़ास?
पशिचमी वायु कमान के कमांडर से 30 अप्रैल 2026 को रिटायर्ड एयर मार्शल
जितेंद्र मिश्रा 6 दिसम्बर 1986 को भारतीय वायु सेना में कमीशन हुए थे । जितेंद्र मिश्रा राष्ट्रीय
सुरक्षा अकादमी खड़कवासला व भारतीय वायु सेना अकादमी दूंडीगल के पूर्व छात्र रह
चुके है। वे वायु सेना परीक्षण पायलट स्कूल, वायु कमान और स्टाफ कॉलेज मोंटगोमरी,
अलबामा और रॉयल कॉलेज ऑफ़ डिफेंस स्टडीज, यूनाइटेड किंगडम के भी पूर्व छात्र रह
चुके है ।
उन्होंने फ्लाइंग ऑफिसर 6 दिसम्बर 1987 - 6 दिसम्बर 1991 , फ्लाइंग लेफ़िटेंट 6 दिसम्बर 1991 - 6 दिसम्बर 1997 स्क्वाड्रन लीडर 6 दिसम्बर 1991 - 6 दिसम्बर 1997 , विंग कमांडर 5 मई 2003 - 2 मार्च 2009 , ग्रुप कैप्टेन 2 मार्च 2009 - 17 जून 2013 , एयर कमोडोर 17 जून 2013 - 11 जून 2019
एयर वाईस मार्शल 11 जून 2019 - 1 जनवरी 2023 एयर मार्शल - 1 जनवरी 2023 - 30 अप्रैल 2026 को एओसी-इन सी पश्चिमी वायु कमान से रिटायर्ड हुवे।
आपरेशन सिंदूर में पाकिस्तान को नानी याद दिलाये थे
पाकिस्तान के तरफ़ से कायरता हरकत का जवाब देने के लिए जो आपरेशन लांच किया
गया था भारतीय वायु सेना के तरफ़ से उस भारतीय वायु सेना का नेतृत्व पश्चिमी वायु कमान कर रहा था और उस समय पश्चिमी वायु कमान के कमांडर यही एयर मार्शल जितेंद्र मिस्र थे, अपने रणनीति
से पाकिस्तान के परखच्चे उड़ाने में एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा का अहम
योगदान रहा है। वही इनको भारतीय सेना का सर्वोत्तम सम्मान मिला है।
आपरेशन सिंदूर के दौरान उनकी अहम भूमिका के लिए एयर मार्शल जितेन्द्र मिश्रा
को स्वतंत्रा दिवस 2025 पर सर्वोत्तम युद्ध सेवा पदक से सम्मानित किया गया था, वही 2024 में इनको अति सेवा विशिष्ट पदक
तथा 2013 में विशिष्ट सेवा पदक
से सम्मानित किया जा चुका है


